Skip to main content

MUST WATCH FOR EVERYONE: SCHINDLER's LIST

                   
MUST WATCH MOVIE FOR EVERYONE
                       अभी कुछ देर पहले मैंने ये मूवी (SCHINDLER's LIST) देखी हैं, इसकी एक भी कड़ी मेरे चेतना से नहीं हट पा रही हैं. कुछ अपने आप को बदला-बदला महसूस कर रहा हूँ. मै जमाने से द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान हुई होलोकॉस्ट के बारे में पढ़ते चले आ रहा था, जिसमें 1941-1945 के बीच हिटलर के नाजी सेना द्वारा 60 लाख के करीब JEWS व्यवस्थित तरीके से मारे गए थे, पर इसे देखने के बाद ही उस दौर को महसुस कर पाया हूँ. कितनी भयावह तस्वीर रही है ये देख के अपने वजूद पर ही धिक्कार आ रहा हैं. इस फिल्म का मुख्य किरदार OSKAR SCHINDLER हैं, जो एक उद्योगपति है. मै अभी भी संशय में हूँ की इसे मूवी कहूँ या उस दौर की रिकॉर्डिंग क्यूंकि ये वास्तविक घटना हैं. कहानी थोड़ी लम्बी है, यूँ कहने को आपके तीन घंटे खा जायेगी लेकिन विश्वास कर सके तो करे ये तीन घंटे बेहतरीन तीन घंटे होंगे, इसे देखने के बाद मेरी तरह शायद आप भी तीन घंटे पूर्व वाले व्यक्ति न रहें. इसे कितने भयावह खूबसूरती से फिल्माया गया हैं उससे मैं फिल्मिंग का भी जबरदस्त वाला फैन हो गया हूँ. इसके निर्देशक STEVEN SPIELBERG को इसके लिए OSCAR भी मिल चूका हैं. कितने दिनों से कुछ मित्रों के सुझाव से देखना चाह रहा था पर तीन घंटे से थोड़ा मन भाग जा रहा था. इस मूवी ने होलोकॉस्ट के बारे में और पढने-देखने-जानने को मजबूर कर दिया हैं. शुरू के दृश्य से आँख से आंसू गिरने का सिलसिला अंतिम दृश्य तक चला. पुरे फिल्म में SCHINLDER को लोगों को बचाने की बेबसी, क्रूरता को सुधारने की कला, AMON GOETH नामक नाजी पार्टी के सेनाध्यक्ष के आत्माविहीन क्रूरता को भी बहुत खूबसूरती से दिखाया हैं. इस होलोकॉस्ट में पुरे JEWS समुदाय के दो तिहाई लोगों का  मर्डर  हुआ था. इस दौरान SCHINDLERS अपने फैक्ट्री में काम कराने के नाम पर अपने कमाए धन से प्रतिव्यक्ति के हिसाब से अपना सब कुछ खर्च कर देता हैं और 1200 लोगों को बचा पाता है. अभी भी पोलैंड में SCHINDLERS के बचाए हुए 1200 लोगों की पीढी 6000 लोगों की हो गयी हैं, जिन्हें पोलैंड में SCHINDLER'S JEWS कहते हैं. एक दृश्य में फिल्म के सबसे निर्दयी, आत्माविहीन और थोड़ा अपने कर्म से संशय में पड़ें नाजी सेना के मुखिया AMON GOETH से जब SCHINLDER पूछता है की लोग तुमसे क्यूँ डरते हैं पता हैं ? तो गोएथ कहता है इसलिए की मेरे पास शक्ति है की मै जब चाहूँ, जिसे चाहूँ मार सकता हूँ इसी बात से लोग डरते हैं. तब SCHINLDER उसे शक्ति के बारे में समझाता हैं की शक्ति तो वो जिसमें क्षमा करने की आदत हो. यहाँ बहुत अच्छा वार्तालाप इन दोनों के बीच .........

मै मूवी देखने के बाद इस पर प्राप्त पूरा अनुभव लिखना चाह रहा था, लेकिन मुझे लगता है की मैं अपने अनुभव के साथ ब्लॉग लिखकर न्याय नहीं कर पा रहा हूँ. मैं चाहूँगा की इसे अधिक से अधिक लोग देखे और इसे अनुभव करें.

इस फिल्म के कुछ विशेष दृश्य जिसने मेरे अंतर्मन को स्पर्श कर झकझोरा हैं उन्हें यहाँ लगा रहा हूँ फिर कभी वक़्त मिलने पर इनके बारे में अपने अनुभव साझा करूँगा .......अभी के लिए तस्वीर केवल.



















Popular posts from this blog

Interview- IAS TOPPER NISHANT JAIN

youtube Hangout Link - https://youtu.be/FXgBValkEK4

Public Administration – by Rakesh Chintagumpula

Rakesh had scored a magnificent 284 out of 500 in Public Administration, this year. He has been kind enough to share his strategy for Public Administration for the benefit of future aspirants and I thank him on their behalf. Following is his strategy in his own words. My basic profile Name: RAKESH CHINTAGUMPULA Rank: AIR 122,  UPSC-2014 Education Qualification: B.Tech (EEE) from CBIT, Osmania University; M.A. (Public Administration), IGNOU Job Experience: Worked for 2 yrs in Infosys Tech Ltd. as software engineer and 2.5 years as a lecturer in IAS academy, Hyderabad I had given 3 mains with Public Administration as optional scoring 330/600, 335/600 and 284/500 marks. My Marks Prelims Paper I: 118 Paper II: 155.83 Total: 274 Mains ROLL NO. : 115513 NAME : CHINTAGUMPULA RAKESH MARKS OBTAINED SUBJECTS MARKS ESSAY (PAPER-I) 096 GENRAL STUDIES -I (PAPER-II) 109 GENRAL STUDIES -II (PAPER-III) 107 GENRAL STUDIES -III (PAPER-IV)...